PM मोदी से मणिपुर जाने की मांग, असम यात्रा के दौरान बढ़ी सियासत
असम दौरे के दौरान पीएम मोदी पर कांग्रेस का हमला, मणिपुर जाने की मांग तेज
प्रधानमंत्री Narendra Modi के असम दौरे के बीच मणिपुर को लेकर राजनीतिक माहौल गरमा गया है। कांग्रेस ने कहा है कि जब प्रधानमंत्री पूर्वोत्तर क्षेत्र में मौजूद हैं, तो उन्हें मणिपुर जाकर वहां की स्थिति का भी आकलन करना चाहिए। पार्टी का तर्क है कि मणिपुर लंबे समय से तनावपूर्ण हालात का सामना कर रहा है और ऐसे समय में शीर्ष नेतृत्व की मौजूदगी महत्वपूर्ण संदेश दे सकती है।
कांग्रेस नेता Pawan Khera ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के जरिए यह मुद्दा उठाया। उन्होंने गुवाहाटी से इम्फाल तक की यात्रा का जिक्र करते हुए संकेत दिया कि मणिपुर असम से ज्यादा दूर नहीं है। उनका कहना था कि प्रधानमंत्री को राज्य का दौरा कर वहां के लोगों से सीधे संवाद करना चाहिए। इस पोस्ट के बाद राजनीतिक बयानबाज़ी तेज हो गई।
कांग्रेस का मानना है कि किसी भी संवेदनशील परिस्थिति में जनता का मनोबल बढ़ाने के लिए नेतृत्व की उपस्थिति जरूरी होती है। पार्टी ने कहा कि मणिपुर के नागरिकों को यह भरोसा मिलना चाहिए कि केंद्र सरकार उनके साथ खड़ी है।
वहीं भारतीय जनता पार्टी के नेताओं ने इन आरोपों को राजनीतिक करार दिया है। उनका कहना है कि मणिपुर में स्थिति को नियंत्रित करने के लिए प्रशासनिक और सुरक्षा स्तर पर लगातार कदम उठाए जा रहे हैं। केंद्र और राज्य सरकार मिलकर हालात को सामान्य बनाने की दिशा में काम कर रहे हैं। भाजपा का कहना है कि विपक्ष इस मुद्दे को अनावश्यक रूप से राजनीतिक रंग दे रहा है।
प्रधानमंत्री का असम दौरा विकास योजनाओं और सरकारी कार्यक्रमों से जुड़ा था, लेकिन कांग्रेस की मांग के बाद चर्चा का केंद्र बदल गया। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि पूर्वोत्तर राज्यों से जुड़े मुद्दे आने वाले समय में राष्ट्रीय राजनीति में और प्रमुखता से उभर सकते हैं।
फिलहाल, असम दौरे के साथ मणिपुर का प्रश्न राजनीतिक बहस का मुख्य विषय बन गया है और दोनों पक्ष अपनी-अपनी दलीलें रख रहे हैं।

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संजना झा पत्रकारिता के क्षेत्र में 8 वर्षों से अधिक का अनुभव रखती हैं। वर्तमान में वह हिंदी माइक में बतौर असिस्टेंट एडिटर कार्यरत हैं। उन्हें समसामयिक घटनाएँ, राजनीति एवं लाइफस्टाइल जैसे विषयों में गहरी समझ और लेखन का व्यापक अनुभव प्राप्त है। अपनी खोजपरक दृष्टि, तथ्यपरक रिपोर्टिंग और विषयों की गहराई तक पहुंचने की शैली के लिए वह जानी जाती हैं।
ज्वाइनिंग डेट: 16 अगस्त 2025

